Alpha Movie Review: यशराज फिल्म्स (YRF) के सबसे बड़े और कड़क स्पाई यूनिवर्स की पहली फीमेल-लेड फिल्म ‘Alpha’ आखिरकार सिनेमाघरों में रिलीज हो चुकी है। आलिया भट्ट (Alia Bhatt) और शर्वरी वाघ (Sharvari) स्टारर इस फिल्म को लेकर फैंस के बीच काफी समय से जबरदस्त बज बना हुआ था।
इस बार टाइगर, पठान और कबीर के बाद दो लेथल महिला एजेंट देश को बचाने और दुश्मनों के छक्के छुड़ाने मैदान में उतरी हैं। शिव रवैल के निर्देशन में बनी यह फिल्म एक्शन, थ्रिल और इमोशन का एक कड़क पैकेज है। आइए जानते हैं इस डिटेल रिव्यू में कि क्या आलिया और शर्वरी की यह जोड़ी दर्शकों की उम्मीदों पर खरी उतरी है या नहीं।
कहानी: रॉ एजेंट नहीं, बल्कि मजबूरी से बनीं कातिल
फिल्म ‘अल्फा’ की कहानी वाईआरएफ स्पाई यूनिवर्स की बाकी फिल्मों से थोड़ी अलग और कड़क है। यहां हीरो कोई पहले से डेकोरेटेड या देशभक्त रॉ (RAW) ऑफिसर नहीं है। फिल्म की कहानी ‘सीता’ (आलिया भट्ट) के इर्द-गिर्द घूमती है, जिसे अपनी मर्जी से नहीं, बल्कि हालातों की वजह से एक बेहद खतरनाक और ट्रेंड हत्यारा (Assassin) बनना पड़ता है।
सीता का मुकाबला अपने ही सौतेले पिता के अवैध सैनिक प्रोग्राम से है। इस मिशन में उसका साथ देती हैं शर्वरी, जो फिल्म में उसकी कड़क पार्टनर के रूप में नज़र आती हैं। दोनों मिलकर विलेन के इस साम्राज्य को नेस्तनाबूद करने निकलती हैं, जिसमें भरपूर ट्विस्ट और सस्पेंस देखने को मिलता है।
एक्टिंग और स्टार्स का कड़क परफॉर्मेंस
परफॉर्मेंस के मामले में फिल्म पूरी तरह से आलिया भट्ट के कंधों पर टिकी है। आलिया ने अपने करियर में पहली बार इतना कड़क और रॉ एक्शन किया है, जिसमें उनका डेडिकेशन साफ दिखता है। हालांकि, फिल्म की असली सरप्राइज पैकेज शर्वरी वाघ साबित हुई हैं। शर्वरी ने स्क्रीन पर आते ही अपना एक अलग भौकाल मचाया है और उनकी डायलॉग डिलीवरी और एक्शन मूव्स दर्शकों को बेहद पसंद आ रहे हैं।
वहीं, विलेन ‘कर्नल लखावत’ के किरदार में बॉबी देओल (Bobby Deol) ने अपनी पहली ही सीन से कड़क छाप छोड़ी है। आलिया और बॉबी देओल के बीच के फेस-ऑफ सीन्स फिल्म की सबसे बड़ी यूएसपी (USP) हैं। इसके अलावा अनिल कपूर ने भी अपने रोल में कड़क अभिनय किया है।

डायरेक्शन, एक्शन और कमजोर कड़ियां
डायरेक्टर शिव रवैल ने फिल्म के स्केल और विजुअल्स को काफी कड़क और स्टाइलिश रखा है। फिल्म का वीएफएक्स (VFX) और सिनेमाटोग्राफी हॉलीवुड लेवल की लगती हैं। क्रैग मैकरै द्वारा निर्देशित एक्शन सीन्स काफी कड़क और नए लगते हैं, विशेषकर फिल्म का दूसरा हाफ थियेटर में बैठे दर्शकों को बांधकर रखता है।
हालांकि, अगर फिल्म की कमजोर कड़ी की बात करें, तो इसकी कहानी थोड़ी प्रेडिक्टेबल यानी जानी-पहचानी लगती है। फर्स्ट हाफ की रफ्तार थोड़ी धीमी है और कुछ जगहों पर एक्शन सीन्स थोड़े अवास्तविक महसूस होते हैं, जिसकी वजह से सोशल मीडिया पर मिक्स रिएक्शंस भी देखने को मिल रहे हैं।
बॉक्स ऑफिस प्रेडिक्शन
फिल्म को सेंसर बोर्ड की तरफ से UA 16+ सर्टिफिकेट मिला है और इसका रनटाइम 2 घंटे 20 मिनट का है, जो कड़क और क्रिस्प है। फिल्म में ऋतिक रोशन का एक बेहद कड़क कैमियो भी है, जो थियेटरों में दर्शकों को ताली बजाने पर मजबूर कर देगा। ट्रेड एनालिस्ट्स के मुताबिक, फिल्म ओपनिंग डे पर ₹7 से ₹8 करोड़ का बिजनेस कर सकती है, जो स्पाई यूनिवर्स के हिसाब से थोड़ी कम शुरुआत है,
लेकिन वीकेंड पर कड़क माउथ पब्लिसिटी के दम पर इसके कलेक्शन में बड़ा उछाल आने की पूरी उम्मीद है। यदि आप आलिया भट्ट और बॉबी देओल के कड़क फैन हैं और हाई-ऑक्टेन एक्शन फिल्मों के शौकीन हैं, तो ‘अल्फा’ आपके लिए एक परफेक्ट वन-टाइम वॉच फिल्म है।










