देश में सरकारी और प्राइवेट सेक्टर में काम करने वाले करोड़ों कर्मचारी हैं। जिससे ऐसे कामगार व्यक्तियों के लिए कर्मचारी भविष्य निधि खाता के अंतर्गत पीएफ खाता संचालित हो रहा है। यहां पर कर्मचारी और नियोक्ता कंपनी पीएफ खाते में अंशदान करता है। हालांकि अगर आपका पीएफ खाता में अंशदान स्टेटस नहीं दिख रहा है, तो बड़ी परेशानी हो सकती है। कई बार सामने आया है कि कंपनी यहां अंशदान करने में खामियां करती है। ऐसे आप के लिए पीएफ खाते में कैसे अंशदान किया जाता इसके बारे में जानकारी होनी चाहिए।
आप को बता दें कि हर महीने सैलरी से तय राशि PF के नाम पर काटी जाती है और उतना ही हिस्सा कंपनी भी खाते में जमा करती है। हालांकि EPFO पासबुक में कंपनी का योगदान कैसे चेक यह लोगों को पता नहीं होता है। जिससे पैसे जमा नहीं होने पर परेशानी बढ़ सकती है।
क्या है PF में अंशदान का नियम
कर्मचारी भविष्य निधि खाता के द्धारा बनाए गए PF में अंशदान फॉर्मूला के तहत कर्मचारी के सैलरी का 12% होगा और नियोक्ता कंपनी भी 12% भी खाते में जमा करती है। आप को बता दें कि सरकार के द्धारा बनाए गए पीएफ में नियमों के मुताबिक, किसी कंपनी में 20 या उससे ज्यादा कर्मचारी हैं, तो आपकी बेसिक सैलरी का 12% PF में जमा करते हैं। इतनी ही 12% आपकी कंपनी पीएफ खाते में जमा करेगी। यहां पर मान लें कि किसी की बेसिक सैलरी ₹20,000 है, तो कर्मचारी और कंपनी दोनों मिलाकर हर महीने ₹4,800 EPF खातें में जमा करेगें।
कहां पर बंट जाता है पीएफ में जमा पैसा
कंपनी और कर्मचारी के द्धारा जमा किया गया पीएफ में पैसे को बांट दिया जाता है,जिससे कर्मचारी का 12% का पूरा पैसा एम्प्लोयी प्रोविडेंट फंड (EPF) खाते में जमा हो जाता है। इस जमा रकम पर ब्याज भी मिलता है। सरकार ने 8.25% की ब्याज तय की है।
हालांकि कंपनी के द्धारा जमा किए गए 12% हिस्से रकम इसका पूरा पैसा PF में नहीं जाता। इसमें से एक बड़ा हिस्सा ईपीएस और थोड़ा हिस्सा एम्प्लाइज डिपॉजिट लिंक्ड इंश्योरेंस स्कीम में भेजा जाता है। जिससे आप को पासबुक में कंपनी का PF हिस्सा कम दिखता है।
ऐसे चेक करें पीएफ में जमा पैसे
पीएफ में जमा पैसे को कई तरीके से चेक कर सकते हैं, जिसमें EPFO की वेबसाइट पर जाकर, UMANG ऐप के जरिए भी आप को EPF पासबुक में पैसों से जुड़ी इंन्ट्री दिख जाएगी। जिसमें आप ने खुद और आप के कंपनी कितना योगदान दिया है। यह सभी जानकारी देखने को मिल जाएगी।